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डॉ सुधीर रावल न्यूयॉर्क में अंतरराष्ट्रीय प्रोस्टेट कैंसर संगोष्ठी में उत्कृष्ट योगदान हेतु हुए सम्मानित

नई दिल्ली: राजीव गांधी कैंसर इंस्टिट्यूट एंड रिसर्च सेंटर (RGCIRC), नई दिल्ली के मेडिकल डायरेक्टर और चीफ यूरो-ऑन्कोलॉजी विशेषज्ञ डॉ. सुधीर रावल को न्यूयॉर्क स्थित माउंट साइनाई में आयोजित 7th International Prostate Cancer Symposium & World Urologic Oncology Summit में वैश्विक स्तर पर रोबोटिक सर्जरी के क्षेत्र में उत्कृष्ट योगदान के लिए सम्मानित किया गया है।

यह प्रतिष्ठित सम्मान "द गोल्डन रोबोट सर्जिकल अवार्ड" विश्वप्रसिद्ध सर्जनों और रोबोटिक इनोवेशन के वैश्विक नेताओं द्वारा प्रदान किया गया। यह सम्मान भारत में रोबोटिक सर्जरी के विकास में डॉ. रावल की अग्रणी भूमिका और ग्लोबल यूरोलॉजिक ऑन्कोलॉजी में उनके योगदान की अंतरराष्ट्रीय सराहना करता है।

रोबोटिक जेनिटो-यूरिनरी और ऑन्को-सर्जरी के अग्रदूत
डॉ रावल देश के सबसे अनुभवी यूरोलॉजिस्ट और ऑन्कोलॉजी विशेषज्ञों में गिने जाते हैं। पिछले दो दशकों में उन्होंने रोबोटिक जेनिटो-यूरिनरी व कैंसर सर्जरी को नई दिशा दी। RGCIRC में उन्होंने अगली पीढ़ी के रोबोटिक प्लेटफॉर्म—जैसे SSII मंत्रा सिस्टम—का सफल उपयोग सुनिश्चित किया।

उनके नेतृत्व में RGCIRC की टीम ने SSII मंत्रा सर्जिकल रोबोट की मदद से अनेक टेली-सर्जरी सफलतापूर्वक कीं, जिनके माध्यम से दूरदराज़ और संसाधन-विहीन क्षेत्रों के मरीजों को विशेषज्ञ उपचार उपलब्ध कराया गया।

कुशलता, नवाचार और मरीज-प्रथम सोच से प्रभावित करियर
हजारों सफल रोबोटिक सर्जरी, व्यापक जनसेवा और मरीजों के हित को सर्वोपरि रखने की प्रतिबद्धता ने डॉ. रावल को कैंसर उपचार के क्षेत्र में एक विशिष्ट पहचान दिलाई है। उनकी अगुवाई ने वैश्विक स्तर पर सुरक्षा, दक्षता और नवाचार के नए मानदंड स्थापित किए हैं।

भारत की मेडिकल-टेक प्रगति का वैश्विक प्रतीक
गोल्डन रोबोट सर्जिकल अवॉर्ड सिर्फ एक व्यक्तिगत सम्मान नहीं, बल्कि यह उस नए दौर का संकेत है जहाँ रोबोटिक्स, प्रौद्योगिकी और मानवीय विशेषज्ञता मिलकर बेहतर, तेज और अधिक सुलभ स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध करा रही हैं।

यह सम्मान भारत की चिकित्सा-तकनीकी प्रगति को वैश्विक मंच पर नई पहचान देता है और यह संदेश भी कि— भारतीय रोबोटिक सर्जन अब सिर्फ योगदान नहीं दे रहे, बल्कि इस क्षेत्र में दुनिया का नेतृत्व कर रहे हैं।