दिल्ली में सरकारी खरीद व्यवस्था में डिजिटल बदलाव का असर अब छोटे कारोबारियों और उद्यमियों पर भी दिखाई देने लगा है। सरकारी ई-मार्केटप्लेस (GeM) के बढ़ते इस्तेमाल से दिल्ली सरकार की सरकारी खरीद में तेज बढ़ोतरी हुई है। वित्त वर्ष 2026-27 में जुलाई तक GeM के माध्यम से 1,595 करोड़ रुपये की खरीद दर्ज की गई, जो पिछले वित्त वर्ष की समान अवधि में हुई 624 करोड़ रुपये की खरीद से 156 प्रतिशत अधिक है।
दिल्ली सरकार के मुताबिक, GeM के प्रभावी इस्तेमाल से सरकारी खरीद प्रक्रिया पहले की तुलना में अधिक डिजिटल, पारदर्शी और आसान हुई है। इससे छोटे कारोबारियों और उद्यमियों को सरकारी खरीद से जुड़ने के लिए एक समान और व्यापक डिजिटल बाजार उपलब्ध हो रहा है। मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता के नेतृत्व में दिल्ली सरकार MSME को नए बाजार और सरकारी खरीद के अवसर उपलब्ध कराने के साथ खरीद प्रक्रिया को अधिक पारदर्शी और समान अवसरों पर आधारित बनाने पर जोर दे रही है।

दिल्ली सरकार को GeM के माध्यम से सेवाओं की खरीद में लगातार बढ़ रही भागीदारी और इसके बढ़ते उपयोग के लिए ‘सस्टेंड सर्विसेज प्रिक्योरमेंट एडॉप्शन’ (Sustained Services Procurement Adoption) श्रेणी में विशेष सम्मान मिला है। यह सम्मान GeM के जरिए सेवाओं की खरीद में दिल्ली के सरकारी खरीदारों की निरंतर भागीदारी और GeM को प्रभावी तरीके से अपनाने के प्रयासों की मान्यता है। इसे सरकारी खरीद के डिजिटल प्लेटफॉर्म के रूप में GeM के विकास में दिल्ली के योगदान के तौर पर भी देखा जा रहा है।
आंकड़ों के मुताबिक, वित्त वर्ष 2025-26 में दिल्ली में GeM के माध्यम से कुल 4,311 करोड़ रुपये की सरकारी खरीद हुई। यह वित्त वर्ष 2024-25 के मुकाबले करीब 41 प्रतिशत अधिक है। इसमें MSME यानी MSE से हुई खरीद की हिस्सेदारी करीब 2,177 करोड़ रुपये रही। छोटे कारोबारियों की सरकारी खरीद में भागीदारी पिछले कुछ वर्षों में लगातार बढ़ी है। वित्त वर्ष 2021-22 में MSE से करीब 965 करोड़ रुपये की खरीद हुई थी, जो 2025-26 में बढ़कर 2,177 करोड़ रुपये हो गई। खास बात यह है कि वित्त वर्ष 2025-26 में दिल्ली के विक्रेताओं को करीब 95 प्रतिशत ऑर्डर केंद्र सरकार और दूसरे राज्यों के खरीदारों से मिले। इससे दिल्ली के MSME को स्थानीय बाजार से आगे निकलकर देशभर में अपने उत्पाद और सेवाएं उपलब्ध कराने का अवसर मिल रहा है।
दिल्ली सरकार की सरकारी खरीद व्यवस्था में महिला उद्यमियों, SC/ST उद्यमियों और स्टार्टअप्स की भागीदारी भी बढ़ रही है। वित्त वर्ष 2025-26 में GeM के माध्यम से—
- महिला उद्यमियों से 315 करोड़ रुपये की खरीद हुई।
- SC/ST उद्यमियों से 41 करोड़ रुपये की खरीद हुई।
- स्टार्टअप्स से 405 करोड़ रुपये की खरीद हुई।
सरकार का लक्ष्य है कि सरकारी खरीद का लाभ केवल बड़े कारोबारों तक सीमित न रहे, बल्कि छोटे कारोबारी, महिला उद्यमी, स्टार्टअप और विभिन्न वर्गों के उद्यमियों को भी समान अवसर मिलें। GeM के जरिए सरकारी खरीद की प्रक्रिया ऑनलाइन होने से इसमें पारदर्शिता और प्रतिस्पर्धा बढ़ी है। प्लेटफॉर्म पर सीधी खरीद, L-1 खरीद, बोली/रिवर्स नीलामी, फॉरवर्ड नीलामी समेत कई विकल्प उपलब्ध हैं।
इसके अलावा ऑनलाइन ऑर्डर, विक्रेता मूल्यांकन, ऑनलाइन बिल और भुगतान, MIS रिपोर्टिंग तथा AI/ML आधारित अनियमितता पहचान प्रणाली जैसी सुविधाएं भी उपलब्ध हैं। इससे सरकारी खरीद की पूरी प्रक्रिया को ज्यादा व्यवस्थित और पारदर्शी बनाने में मदद मिल रही है। दिल्ली सरकार सरकारी विभागों और GeM से जुड़े लोगों को ट्रेनिंग देने पर भी जोर दे रही है। वित्त वर्ष 2025-26 में 65 से ज्यादा ट्रेनिंग प्रोग्राम आयोजित किए गए, जिनमें 3,600 से अधिक लोगों ने हिस्सा लिया।

इनमें शिक्षा विभाग के जिला स्तरीय प्रशिक्षण कार्यक्रम, प्रमुख अस्पतालों के लिए ट्रेनिंग और दिल्ली सचिवालय में आयोजित GeM जागरूकता सप्ताह शामिल रहे। GeM टीम की ओर से विभागों को लगातार हैंडहोल्डिंग और तकनीकी सहायता भी दी जा रही है। सरकारी खरीद व्यवस्था को और प्रभावी बनाने के लिए दिल्ली सरकार के वित्त विभाग और GeM के बीच मासिक रिव्यू सिस्टम भी बनाया गया है। इसके तहत सरकारी खरीद के रुझानों, GeM के बाहर जारी होने वाले टेंडरों और भविष्य में होने वाली खरीद की जरूरतों की समीक्षा की जाती है।
आने वाले समय में सरकार का फोकस GeM के ज्यादा से ज्यादा इस्तेमाल, कीमत और गुणवत्ता की निगरानी, शिकायतों के समाधान, भुगतान में देरी को दूर करने और MSME की क्षमता बढ़ाने पर रहेगा। इसके लिए सेविंग्स डैशबोर्ड, अनियमितता पहचान प्रणाली और ग्लोबल टेंडर्स जैसी सुविधाओं का इस्तेमाल भी बढ़ाया जाएगा।
मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने कहा कि MSME सिर्फ कारोबार नहीं हैं, बल्कि रोजगार, इनोवेशन और स्थानीय अर्थव्यवस्था की मजबूत नींव हैं। सरकारी खरीद को डिजिटल और पारदर्शी बनाने से छोटे कारोबारियों को बड़े संस्थागत बाजार तक पहुंचने का अवसर मिल रहा है। उन्होंने कहा कि GeM के जरिए बढ़ती सरकारी खरीद, MSME की बढ़ती भागीदारी, महिला उद्यमियों और स्टार्टअप्स के लिए खुलते अवसर और दिल्ली के कारोबारियों को देशभर से मिल रहे ऑर्डर इस दिशा में महत्वपूर्ण बदलाव को दर्शाते हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि दिल्ली सरकार का संकल्प है कि हर MSME को अवसर, हर उद्यमी को पारदर्शी बाजार और हर छोटे कारोबार को आगे बढ़ने के लिए मजबूत प्लेटफॉर्म उपलब्ध कराया जाए।