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दुख की बात है कि दिल्ली को बलात्कार की राजधानी के रूप में जाना जाता है: स्वाति मालीवाल

नई दिल्ली: दिल्ली महिला आयोग की प्रमुख स्वाति मालीवाल ने शनिवार को प्रेस कॉन्फ्रेंस कर केंद्र सरकार से महिलाओं की सुरक्षा के लिए मीटिंग करने का आग्रह किया। स्वाति मालीवाल ने कहा, "डीसीडब्ल्यू हेल्पलाइन 181 ने पिछले सात सालों में 40 लाख मामले सुने हैं। पिछले एक साल में हमने एक लाख से अधिक कॉलें सुनी हैं।"

स्वाति मालीवाल ने कहा, "महिलाओं की बताई गई शिकायतों का समाधान करने के लिए हमारे काउंसलर चौबीसों घंटे काम करते हैं।

आगे उन्होंने कहा, ''डीसीडब्ल्यू हेल्पलाइन 181 ने पिछले सात सालों में 40 लाख से ज्यादा केस की सुनवाई हुई। हमें पिछले एक साल में छह लाख 30 हजार से ज्यादा कॉल रिसीव हुई है। जैसे ही कोई कॉल रिसीव होती है 181 वूमेन हेल्पलाइन पर उसे सुना जाता है। 24 घंटे हमारे पास काउंसलर हैं। जो कि शिफ्ट में काम करते हैं और उन कॉल पर तुरंत सुनवाई होती है। तुरंत एक ग्राउंड की काउंसलर लड़की के पास पहुंचती है। ये सारा का सारा डेटा हम लोग दिल्ली पुलिस केंद्र सरकार और राज्य सरकार को सबमिट करेंगे। मैं बार-बार अपील कर रही हूं क्योंकि बहुत शर्म की बात है देश की राजधानी को रेप कैपिटल के रूप में जाना जाता है। क्राइम कैपिटल के रूप में जाना जाता है। इसको बदलने की जरूरत है। मेरी हाथ जोड़कर केंद्र सरकार से रिक्वेस्ट है तुरंत एक हाई लेवल कमेटी बैठानी चाहिए एक मीटिंग बुलानी चाहिए। केंद्र सरकार में यूनियन मिनिस्टर होम, उनको इस मीटिंग को चेयर करना चाहिए। मीटिंग में एलजी होने चाहिए, चीफ मिनिस्टर होने चाहिए, पुलिस कमिश्नर होने चाहिए और साथ में दिल्ली महिला आयोग होना चाहिए।"

स्वाति मालीवाल ने कहा, "केंद्र को एक समिति बनानी चाहिए उस मीटिंग में एलजी होने चाहिए, चीफ मिनिस्टर होने चाहिए, पुलिस कमिश्नर होने चाहिए और साथ में दिल्ली महिला आयोग होना चाहिए।"