Team India Squad: भारतीय क्रिकेट बोर्ड (बीसीसीआई) ने मंगलवार को बताया कि आयरलैंड और इंग्लैंड के खिलाफ होने वाली टी20 अंतरराष्ट्रीय श्रृंखलाओं के लिए भारतीय टीम में चोटिल हरफनमौला खिलाड़ी नितीश कुमार रेड्डी की जगह प्रतिभाशाली सूर्यांश शेडगे को शामिल किया गया है।
इससे पहले ब्रिटेन दौरे की सीमित ओवरों की श्रृंखलाओं से बाहर होने के कारण रेड्डी की अनुपस्थिति भारतीय टीम के लिए बड़ा झटका मानी जा रही थी। उन्हें हाल ही में अफगानिस्तान के खिलाफ वनडे श्रृंखला के दौरान चोट लगी थी। बीसीसीआई ने विज्ञप्ति में कहा, “पुरुष चयन समिति ने आयरलैंड और इंग्लैंड के खिलाफ होने वाली आगामी टी20 अंतरराष्ट्रीय श्रृंखलाओं के लिए भारतीय टीम में नितीश कुमार रेड्डी के स्थान पर सूर्यांश शेडगे को शामिल किया है।”
रेड्डी ने 20 जून को अफगानिस्तान के खिलाफ तीसरे वनडे मैच के बाद अपनी बायीं जांघ (क्वाड्रिसेप्स) में दर्द और असहजता की शिकायत की थी। मेडिकल जांच के बाद बीसीसीआई की मेडिकल टीम ने उन्हें रिहैबिलिटेशन की सलाह दी, जिसके कारण वे दोनों टी20 अंतरराष्ट्रीय श्रृंखलाओं से बाहर हो गए हैं। हाल ही में श्रीलंका में आयोजित त्रिकोणीय श्रृंखला में भारत-ए के लिए शानदार प्रदर्शन के बाद शेडगे को राष्ट्रीय टीम में मौका मिला है। इस 23 साल के खिलाड़ी ने मध्यक्रम में पांच मैचों में 147 रन बनाए और 23 ओवर गेंदबाजी कर टीम के लिए उपयोगी योगदान दिया।
शेडगे 2024-25 सत्र में सैयद मुश्ताक अली ट्रॉफी जीतने वाली मुंबई टीम के भी प्रमुख खिलाड़ियों में शामिल रहे थे। उन्होंने निचले मध्यक्रम में बल्लेबाजी करते हुए 251.92 के प्रभावशाली स्ट्राइक रेट से 131 रन बनाए थे। रेड्डी को टीम में हार्दिक पंड्या के विकल्प के रूप में रखा गया था क्योंकि पंड्या चोट के कारण वनडे क्रिकेट में लगातार 10 ओवर गेंदबाजी करने की स्थिति में नहीं हैं। “नितीश कुमार रेड्डी आयरलैंड श्रृंखला से बाहर हो गए हैं। एमआरआई जांच में उनकी बायीं जांघ की मांसपेशियों में सूजन और कुछ रेशों के क्षतिग्रस्त होने की पुष्टि हुई है। उन्हें आगे के मूल्यांकन के लिए सेंटर ऑफ एक्सीलेंस भेजा गया है।”
माना जा रहा है कि रेड्डी को चोट से उबरने में कम से कम चार हफ्ते का समय लगेगा। पूरी तरह फिट होने में इससे अधिक समय भी लग सकता है। इसके बाद ही वे ‘रिटर्न टू प्ले’ प्रक्रिया शुरू कर सकेंगे। रेड्डी अब तक भारत के लिए 10 टेस्ट, छह वनडे और चार टी20 अंतरराष्ट्रीय मैच खेल चुके हैं। अफगानिस्तान के खिलाफ तीन मैचों की वनडे श्रृंखला में भी वे लखनऊ में खेला गया दूसरा मुकाबला चोट के कारण नहीं खेल पाए थे।
उस समय गेंदबाजी कोच मोर्ने मोर्केल ने कहा था कि चोट ज्यादा गंभीर नहीं लग रही है, लेकिन अब स्थिति अपेक्षा से अधिक गंभीर प्रतीत हो रही है। क्रिकेट विशेषज्ञों का मानना है कि तेज गेंदबाजी कोच स्टेफन जोन्स के साथ काम करने के बाद रेड्डी की गेंदबाजी गति 120 किलोमीटर प्रति घंटे के आसपास से बढ़कर 130 किलोमीटर प्रति घंटे से ज्यादा हो गई है, लेकिन उनका शरीर गति में आई इस अचानक वृद्धि के अनुरूप खुद को पूरी तरह ढाल नहीं पाया है, जिसका असर उनकी फिटनेस पर पड़ सकता है।