मेरठ, 22 मई (भाषा) उत्तर प्रदेश के मेरठ में मेडिकल कॉलेज की एक संविदा नर्स की कथित रूप से गला दबाकर हत्या कर दी गई। पुलिस ने शुक्रवार को यह जानकारी दी।
पुलिस ने देर शाम बताया कि मामले में एक महिला सहित दो आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है।
पुलिस ने इस मामले में मेडिकल कॉलेज के एक वार्ड बॉय और उसकी बहन के खिलाफ हत्या का मुकदमा दर्ज किया है।
पुलिस के अनुसार आरोपी बहन को हिरासत में ले लिया गया है, जबकि मुख्य आरोपी की तलाश जारी है।
पुलिस के मुताबिक मृत महिला की पहचान अंजलि शर्मा (25) के रूप में हुई है, जो मेडिकल कॉलेज में संविदा नर्स थी। पारिवारिक विवाद के चलते वह अपने मायके में रह रही थी।
पुलिस का कहना है कि मेडिकल कॉलेज में अंजलि की वार्ड बॉय सूफियान से दोस्ती हो गई थी।
पुलिस के अनुसार अविवाहित सूफियान ने करीब पांच महीने पहले ही मेडिकल कॉलेज में नौकरी शुरू की थी लेकिन पिछले दो महीनों से वह काम पर नहीं आ रहा था।
पुलिस के मुताबिक बृहस्पतिवार सुबह अंजलि ड्यूटी के लिए घर से निकली थी, लेकिन मेडिकल कॉलेज जाने के बजाय वह सूफियान के घर पहुंची। आरोप है कि वहां सूफियान ने अपनी बहन साजिदा के साथ मिलकर दुपट्टे से गला दबाकर अंजलि की हत्या कर दी।
पुलिस के अनुसार इसके बाद अंजलि के शव को ई-रिक्शा में रखकर मेडिकल कॉलेज के आपातकालीन विभाग के बाहर छोड़ दिया गया, जहां कर्मचारियों ने अंजलि की पहचान कर उसके परिजनों और पुलिस को इसकी सूचना दी।
नगर पुलिस अधीक्षक विनायक गोपाल भोसले ने शुक्रवार को बताया कि अपराह्न करीब दो बजे सूचना मिली थी कि एक महिला मृत अवस्था में अस्पताल लाया गया है।
भोसले ने कहा कि सीसीटीवी फुटेज और पूछताछ के आधार पर साजिदा की पहचान की गई और उसे हिरासत में लिया गया।
उन्होंने कहा कि पूछताछ में उसके भाई सूफियान की संलिप्तता भी सामने आई है।
भोसले ने कहा कि सूफियान की गिरफ्तारी के लिए पुलिस टीम दबिश दे रही हैं।
हत्या के कारण के बारे में पूछे जाने पर नगर पुलिस अधीक्षक ने बताया कि अंजलि शर्मा पर आरोपी शादी के लिए दबाव बना रहा था, जबकि अंजलि इसके लिए तैयार नहीं थी।
धर्मांतरण के पहलू पर पूछे गए सवाल के जवाब में पुलिस अधीक्षक ने कहा कि अब तक की जांच में व्हाट्सऐप चैट और अन्य डिजिटल साक्ष्यों में धर्मांतरण जैसी कोई बात सामने नहीं आई है लेकिन मामले की सभी पहलुओं से जांच की जा रही है।
इस बीच थाना मेडिकल पुलिस ने कार्रवाई करते हुए 24 घंटे के भीतर आरोपी महिला साजिदा को तेजगढ़ी चौराहे से गिरफ्तार कर लिया। उसके कब्जे से एक हैंडबैग बरामद किया गया।
पुलिस ने बताया कि जांच के दौरान जबर सिंह का नाम भी सामने आया, जिसके बाद उसे काली नदी गढ़ रोड के पास से गिरफ्तार किया गया तथा उसके पास से एक मोबाइल फोन बरामद हुआ है।
पुलिस के मुताबिक, मामले में साक्ष्य संकलन और विवेचना के आधार पर बीएनएस की धारा 61(2) भी बढ़ाई गई है। दोनों गिरफ्तार आरोपियों के खिलाफ अग्रिम विधिक कार्रवाई की जा रही है।
भाषा सं, जफर आनन्द
राजकुमार
राजकुमार