आबादी के असंतुलन ने उत्तराखंड राज्य के सामाजिक, आर्थिक और राजनीतिक ताने-बाने को बुरी तरह से प्रभावित किया है। राज्य के रहने लायक 84.6 प्रतिशत भूभाग में 48 प्रतिशत आबादी रह रही है जबकि 14.4 प्रतिशत भूभाग में 52 प्रतिशत लोग बसे हैं। रोजगार, अच्छे इलाज और बेहतर जीवन शैली के लिए पहाड़ से बड़ी आबादी का पलायन लगातार जारी है। जिससे जनसांख्यिकीय असंतुलन की स्थिति पैदा हो गई है।
जनसंख्या दिवस: बदलते उत्तराखंड की बिगड़ रही तस्वीर...
You may also like
संत संसद 2026 में आचार्य सीताराम दास जी महाराज ने कुरीतियों से ऊपर उठने का दिया संदेश.
गौ रक्षा पर बोले संविदानंद सरस्वती स्वामी जी महाराज, केवल बातों से नहीं, सही समझ और प्रयास से होगा समाधान.
शेयर बाजार में तीन दिनों से जारी तेजी थमी, सेंसेक्स 757 अंक फिसला.
ऑपरेशन सिंदूर की पहली वर्षगांठ, सेना बोली- जोश है हाई, किसी भी खतरे से निपटने के लिए पूरी तरह तैयार.