असम विधानसभा के बजट सत्र की सोमवार को हंगामे के साथ शुरुआत हुई। राज्यपाल के भाषण के दौरान विपक्षी सदस्यों ने सदन के वेल में आकर नारे लगाने शुरू कर दिए। राज्यपाल के 40 मिनट के भाषण के दौरान विपक्षी विधायकों ने शोर-शराबा किया। उन्होंने भाषण की प्रतियां मंच की ओर फेंकने की कोशिश की, लेकिन सदन की सुरक्षा में तैनात मार्शलों ने उन्हें रोका।
राज्यपाल ने जैसे ही विकास कार्यों के बारे में बोलना शुरू किया, तभी कांग्रेस, एआईयूडीएफ, सीपीआई (एम) और एकमात्र निर्दलीय विधायक विरोध दर्ज कराने के लिए सदन के वेल में आ गए। पहले तो विपक्षी विधायकों के एक समूह ने भाषण की प्रतियां दिखाईं, लेकिन बाद में उन्होंने उन्हें राज्यपाल के मंच की ओर फेंकने का प्रयास किया। मार्शलों ने प्रतियां जब्त कर लीं और विधायकों द्वारा प्रदर्शित बैनर भी छीन लिए। भाषण की पूरी अवधि के दौरान सदन के भीतर मौजूद 30 से ज्यादा विपक्षी सदस्यों को घेरने के लिए मार्शलों सहित 20 से अधिक सुरक्षाकर्मी तैनात रहे।इस सरकार के कार्यकाल में चुनाव से पहले विधानसभा के अंतिम सत्र में मंगलवार को लेखा-जोखा प्रस्तुत किया जाएगा।
असम विधानसभा में बजट सत्र की हंगामेदार शुरुआत, राज्यपाल के भाषण के दौरान विपक्ष का विरोध
You may also like
NCERT ने जारी की कक्षा 9 की नई हिंदी किताब ‘गंगा’, NEP 2020 के तहत बड़ा कदम.
भारत-अमेरिका सहयोग पर जोर, विदेश सचिव विक्रम मिसरी की एफबीआई निदेशक से अहम बैठक.
नीतीश कुमार बने राज्यसभा सांसद, बिहार की राजनीति में बड़ा बदलाव.
कैंडिडेट्स टूर्नामेंट में सिंदरोव का जलवा, प्रज्ञानानंदा खिताब की दौड़ से बाहर.